
दिव्या देशमुख को सीएम देवेंद्र फडणवीस ने दिया 3 करोड़ का ईनाम, तारीफ सुन ग्रैंडमास्टर ने कही ये बात
फिडे महिला शतरंज विश्व कप फाइनल जीतने वाली 19 साल की दिव्या देशमुख का देश में लगातार सम्मान हो रहा है। केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मंडाविया ने शुक्रवार को दिव्या देशमुख को सम्मानित किया। उनके साथ ही फाइनल में पहुंचे 38 साल की कोनेरू हम्पी की भी खूब तारीफ की। वहीं, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने उन्हे तीन करोड़ का ईनाम भी दिया।
सीएम फडणवीस ने किया दिव्या देशमुख का सम्मान
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को यहां फिडे महिला शतरंज विश्व कप चैंपियन दिव्या देशमुख को सम्मानित किया। इसी के साथ ही उन्होंने विजेता खिलाड़ी को तीन करोड़ रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया। 19 साल की दिव्या 28 जुलाई को महिला विश्व कप का खिताब जीतने वाली सबसे कम उम्र की खिलाड़ी बनीं। उन्होंने फाइनल के टाई ब्रेकर में हमवतन कोनेरू हम्पी को हराया था, जिससे वो खिताब जीतने के साथ 88वीं ग्रैंडमास्टर भी बन गईं।
नागपुर की रहने वाली दिव्या की मुख्यमंत्री फडणवीस ने काफी तारीफ की। दिव्या ने शहर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्हें सम्मानित करने के लिए मुख्यमंत्री फडणवीस और नागपुर के लोगों का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि जीवन में ऐसे पल बहुत कम ही मिलते हैं। उन्होंने कहा, ‘ये मेरे लिए बहुत खास पल है। मुझे बहुत खुशी है कि मैं बच्चों के लिए प्रोत्साहन और प्रेरणा का एक छोटा सा हिस्सा बन सकी। मुझे बहुत खुशी हो रही है।’
केन्द्रीय खेल मंत्री द्वारा सम्मानित किए जाने के बाद क्या बोलीं दिव्या
दिव्या देशमुख को केन्द्रीय खेल मंत्री ने भी सम्मानित किया है। जिसके बाद दिव्या देशमुख ने कहा कि ‘मुझे बहुत खुशी है कि यह खिताब भारत आया है। कोनेरू बहुत अच्छा खेलीं लेकिन मुझे किस्मत का साथ मिला और मैं चैंपियन बन गयी। फाइनल में मेरे लिए सबसे बड़ी खुशी यह थी कि इस खिताब का भारत आना तय हो गया था। माननीय मंत्री द्वारा सम्मानित किए जाने पर मुझे बहुत खुशी महसूस हो रही है क्योंकि यह खिलाड़ियों को प्रेरित करता है और युवाओं को यह संदेश देता है कि उन्हें देश का समर्थन प्राप्त है। मैं शतरंज के लिए लगातार समर्थन देने के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण (साइ) और खेल मंत्रालय को भी धन्यवाद देना चाहती हूं। इस तरह का निरंतर प्रोत्साहन देश में खेल को बढ़ाने में मदद करेगा।’




