
Sunderland ने फुलहम के खिलाफ खोई लय, मैच में मिली हार, रणनीति पर उठे सवाल !
प्रीमियर लीग में वापसी के बाद एक अहम मुकाबला सुंदरलैंड के लिए सबसे निराशाजनक साबित हुआ
प्रीमियर लीग में वापसी के बाद एक अहम मुकाबला सुंदरलैंड के लिए सबसे निराशाजनक साबित हुआ. खराब मौसम और बेहद सीमित आक्रमण के कारण टीम पूरी तरह लड़खड़ा गई. पूरे मैच में सुंदरलैंड सिर्फ चार शॉट ले पाई. ये टीम का जनवरी 2017 के बाद से किसी भी प्रीमियर लीग मैच में सबसे कम प्रयास है. टीम ने कभी भी मैच पर पकड़ दिखाई ही नहीं और हर बार मौके बनाते-बनाते चूकती चली गई.
रोबिन रोएफ्स बने एकमात्र ताकत
सीजन की तरह ये मुकाबला भी दिखाता है कि सुंदरलैंड अपने गोलकीपर रोबिन रोएफ्स पर किस कदर निर्भर है. बेल्जियन कीपर ने कई शानदार बचाव किए और टीम को मैच में बनाए रखने की पूरी कोशिश की. अगर रोएफ्स की फुर्ती और रिफ्लेक्स न होता, तो हार का अंतर और भी ज्यादा हो सकता था. टीम के आक्रमण की हालत बेहद कमजोर रही और पूरा दारोमदार गोलकीपर और डिफेंस पर ही टिका रहा, जो लंबे समय तक टिकने वाली रणनीति नहीं है.
5-4-1 फॉर्मेशन पर उठे सवाल
मैनेजर रेगीस ले ब्रिस का 5-4-1 फॉर्मेशन बड़े क्लबों के खिलाफ तो ठीक हो सकता है, लेकिन फुलहम जैसे मिड-टेबल टीमों के खिलाफ ये रणनीति पूरी तरह असफल साबित हुई. इस फॉर्मेशन में टीम बेहद कम मौके बना पाती है और काउंटर-अटैक करने के लिए भी पर्याप्त जगह नहीं मिलती. परिणामस्वरूप टीम न तो अटैक कर पाती है और न ही गेंद को ज्यादा देर तक होल्ड कर पाती है. रणनीतिक रूप से ये हार संकेत देती है कि मिड-टेबल टीमों के खिलाफ अधिक आक्रामक और संतुलित फॉर्मेशन की जरूरत है.
आने वाली चुनौतियां और बड़े सवाल
सुंदरलैंड की कमजोर और निष्प्रभावी आक्रमण शैली मैनेजर ले ब्रिस के सामने बड़ी चुनौती बनकर उभरी है. खासतौर पर यह ध्यान रखने की जरूरत है कि आने वाले समय में अफ्रीका कप ऑफ नेशंस के कारण टीम सात खिलाड़ियों को खो सकती है. ऐसे में स्क्वॉड डेप्थ और अटैकिंग विकल्पों को लेकर गंभीर चिंताएं हैं ले ब्रिस को जल्द ही नई रणनीति और नए संयोजन पर काम करना होगा, नहीं तो आने वाले मैच और भी कठिन साबित हो सकते हैं. टीम को मजबूत आक्रमण, तेज काउंटर और अधिक लचीली रणनीति की जरूरत है ताकि वह प्रीमियर लीग में टिक सके.




